दिव्य अमृत धारा › 🪷 गुरु ध्यान
दर्शन की प्यास
क्या आपने ऐसी तड़प महसूस की है जहाँ सिर्फ़ एक ही चाह बचे: दर्शन की?
इस ध्यान में सिमरन के साथ भीतर सतगुरु के दीदार की गहरी प्यास जगाई जाती है। ध्यान भ्रूमध्य में टिकता है तो मन नाम में डूबता चला जाता है।
इसके बाद सुनें: गुरु ध्यान
रोज़ साथ बैठकर ध्यान करें
हर सुबह अमृत वेला में साधक Zoom पर एक साथ नाम जाप और ध्यान करते हैं। यह भी निःशुल्क है। समय और link