सतगुरु सर्वे सर्वगुरु गोविंद दोनों खड़े, किसको लागू पाए बलिहारी गुरु आपकी गोविंद दियो बतायगुरु बिन ज्ञान न उपजै गुरु बिन मिलै न मोक्षगुरु बिन लखै न सत्य को...
लोग कहते है की बिना गुरु ज्ञान की प्राप्ति नही हो सकती ? हां जी बिल्कुल! बिना सदगुरु आत्मज्ञान की प्राप्ति नहीं होती। जीवन में मनुष्यों को हर जगह...
क्या हम इस लायक हो गए हैं कि परमात्मा ने हमे इस धरती पर सेवा के लिए भेजा है? क्या इस जन्म में हमें मुक्ति मिलेगी? परमात्मा की तरफ...
अनहद नाद, अनहद ध्वनि के साथ यात्रा करने के लिए हमें बहिर्मुखता से थोड़ा अंतर्मुख होना होगा। अनहद की यात्रा यह एक खुद से खुद के मिलने की यात्रा...
जीवन में चार लक्ष्य हैं,अर्थ धर्म काम और मोक्ष। इनका हमारे जीवन में क्या अर्थ है? मनुष्य जीवन में धर्म, अर्थ, काम, और मोक्ष यह चार पुरुषार्थ कहें गए...
जीवन में कई बार ऐसे मौके आते हैं, जब हमें महत्वपूर्ण निर्णय लेना होता है, और सभी लेते भी हैं। लेकिन सही निर्णय कैसे लें, यह अधिक महत्वपूर्ण है।...
क्या मानव को कल्याणकारी उपाय और धर्म तथा कर्तव्य के मार्गदर्शन देने वाला परम शक्ति गुरु विवेक दाता एक भगवान है? समस्त मानव जाति के कल्याण के लिए ही...
हां! भाग्य को गुरुभक्ति से बदला जा सकता है। हमने बदला है। पिछले जैसे कर्म होते हैं वैसा हमारे आज़ का भाग्य या प्रारब्ध बनता है। और वह हमारे...
जैसे पुराने कपड़ों को त्यागकर मनुष्य दुसरे नये कपड़े पहनता है, ठीक वैसे ही एक शरीर के मृत्यु के बाद आत्मा दुसरा नया शरीर धारण करती है। लेकिन इसमें...
प्रारब्ध यानी पिछले कर्मफलों का आज़ के वर्तमान जीवन में कुछ अच्छा और कुछ बुरा जो परिणाम आया है वह। प्रारब्ध मतलब जो अच्छा या बुरा आज़ हम भोग...
